Logo
Breaking News Exclusive
USTR में स्मार्ट सर्विलांस से नदी के रास्ते तस्करी का पर्दाफाश, नुआपाड़ा के मास्टरमाइंड समेत 3 तस्कर गिरफ्तार 8 लाख डकार कर भाग गया ठेकेदार, अब मासूम बच्चे और ग्रामीण मिलकर बना रहे 'अपना स्कूल', भ्रष्ट ठेकेदारों पर मेहरबान प्रशासन MP में डॉक्टर ने किया गजब का कांड, एंटी-रेबीज की जगह Snake Bite इंजेक्शन लगाया जनता को Porn दिखाकर Russia से जंग लड़ेगा Ukraine; 236 करोड़ रुपए कमाई का अनुमान ललितपुर टू सागर 250KM शराब तस्करी रूट; EXCLUSIVE रिपोर्ट में जानिए 20 ‘कातिलों’ का किरदार ? जगदलपुर NIA कोर्ट ने 10 नक्सलियों को माना दोषी; भूपेश-बैज बोले- यह इंसाफ नहीं खानापूर्ति, मास्टरमाइंड खुलेआम घूम रहे पूर्व CM जोगी से लेकर डिप्टी सीएम विजय शर्मा तक; छत्तीसगढ़ के ये 20+ दिग्गज पहले थे 'मास्टर साहब' 100 मीटर दूर है बस्ती, नीचे पानी बहने की आवाज से खौफ में लोग, फेंसिंग शुरू, अलर्ट जारी महिला बोली- दवाई लेने आए थे, गड़ासा-रिवॉल्वर दिखाकर डराया; बच्चे के सामने हाथ-पैर बांधे स्कूल शिक्षा मंत्री बोले-छात्र नहीं थे, इसलिए बंद कीं; बच्चे मिलेंगे तो दोबारा शुरू करेंगे USTR में स्मार्ट सर्विलांस से नदी के रास्ते तस्करी का पर्दाफाश, नुआपाड़ा के मास्टरमाइंड समेत 3 तस्कर गिरफ्तार 8 लाख डकार कर भाग गया ठेकेदार, अब मासूम बच्चे और ग्रामीण मिलकर बना रहे 'अपना स्कूल', भ्रष्ट ठेकेदारों पर मेहरबान प्रशासन MP में डॉक्टर ने किया गजब का कांड, एंटी-रेबीज की जगह Snake Bite इंजेक्शन लगाया जनता को Porn दिखाकर Russia से जंग लड़ेगा Ukraine; 236 करोड़ रुपए कमाई का अनुमान ललितपुर टू सागर 250KM शराब तस्करी रूट; EXCLUSIVE रिपोर्ट में जानिए 20 ‘कातिलों’ का किरदार ? जगदलपुर NIA कोर्ट ने 10 नक्सलियों को माना दोषी; भूपेश-बैज बोले- यह इंसाफ नहीं खानापूर्ति, मास्टरमाइंड खुलेआम घूम रहे पूर्व CM जोगी से लेकर डिप्टी सीएम विजय शर्मा तक; छत्तीसगढ़ के ये 20+ दिग्गज पहले थे 'मास्टर साहब' 100 मीटर दूर है बस्ती, नीचे पानी बहने की आवाज से खौफ में लोग, फेंसिंग शुरू, अलर्ट जारी महिला बोली- दवाई लेने आए थे, गड़ासा-रिवॉल्वर दिखाकर डराया; बच्चे के सामने हाथ-पैर बांधे स्कूल शिक्षा मंत्री बोले-छात्र नहीं थे, इसलिए बंद कीं; बच्चे मिलेंगे तो दोबारा शुरू करेंगे

: कोई बैठे-बैठे मर गया, कोई सोया तो उठा ही नहीं: MP में 4 मौतों के पीछे की वजह बनी रहस्य, एक घर से चार अर्थियां उठीं

MP Rewa- Death of 4 people became a mystery: एमपी के रीवा शहर के वार्ड क्रमांक 9 स्थित निराला नगर में गुरुवार को 24 घंटे के अंदर एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत ने पूरे इलाके को हिलाकर रख दिया। जो जिंदा थे, उन्हें अचानक उल्टी-दस्त होने लगे और जो बैठकर बातें कर रहे थे, उनकी मौके पर ही मौत हो गई। कुछ ने सोते हुए दम तोड़ दिया तो कुछ ने स्वास्थ्य विभाग की टीम के सामने ही दम तोड़ दिया।

हालात ऐसे थे कि कुछ ही देर में एक घर से चार शव निकाले गए। इलाके में मातम है, लेकिन बड़ा सवाल यह है कि मौत की असली वजह क्या थी? उल्टी-दस्त, फूड प्वाइजनिंग या कुछ और? क्योंकि जिस खाने पर शक है, उसे सैकड़ों लोगों ने खाया था, फिर सिर्फ यही लोग बीमार क्यों पड़े? और सबसे बड़ा सवाल- चार मौतों के बावजूद स्वास्थ्य विभाग ने पोस्टमार्टम तक नहीं कराया।

पहले पूरा मामला जान लीजिए

निराला नगर निवासी केमला कोल ने बताया कि 7 जून को उनके घर में नाती वीरेंद्र की शादी थी। शादी में शामिल होने के लिए सभी रिश्तेदार घर पर जुटे थे। बारात रीवा जिले के बहुरीबांध गई थी। बारात में शामिल होने के बाद सभी लोग सकुशल वापस लौट आए। तब किसी को कोई परेशानी नहीं हुई। पीड़ित परिवार के सदस्य ने बताया कि 10 जून की रात से ही लोगों की तबीयत खराब होने लगी और 11 जून की सुबह तक चार लोगों की मौत हो गई।

जानकारी के मुताबिक, निराला नगर निवासी केमला प्रसाद कोल के नाती की शादी थी। बारात 7 जून को गई और 8 जून को वापस लौटी। शादी के बाद भी कई रिश्तेदार घर पर ही रुके रहे। 9 जून को सबसे पहले राजकुमारी (35) पिता कमला प्रसाद कोल को उल्टी-दस्त की शिकायत पर संजय गांधी अस्पताल में भर्ती कराया गया, राजकुमारी का अभी भी इलाज चल रहा है।

इसके बाद मौतों का सिलसिला शुरू हो गया। राजकुमारी और तीन अन्य लोग संजय गांधी अस्पताल (एसजीएमएच) में भर्ती हैं। फिलहाल उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।

आरोप- देरी से पहुंची स्वास्थ्य टीम

24 घंटे में चार मौतों की खबर से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। वार्ड पार्षद ने स्वास्थ्य विभाग को सूचना दी, जिसके बाद सीएमएचओ डॉ. संजीव शुक्ला ने टीम भेजी। आरोप है कि स्वास्थ्य विभाग की टीम कई घंटे देरी से मौके पर पहुंची। टीम ने प्रभावित परिवारों का स्वास्थ्य परीक्षण किया और पानी समेत अन्य जरूरी नमूने जांच के लिए लिए।

स्वास्थ्य विभाग की टीम में डॉ. डीके वर्मा, डॉ. केबी गौतम, चिकित्सा अधिकारी, फार्मासिस्ट, सहयोगी कर्मचारी, आशा कार्यकर्ता, एएनएम, एमपीडब्ल्यू आदि शामिल थे। शाम को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने प्रभावित बस्ती के लोगों को ओआरएस पाउडर और अन्य दवाएं बांटी।

एक के बाद एक तबीयत बिगड़ती चली गई

सबसे पहले मोलिया कोल को उल्टी-दस्त की शिकायत हुई और उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। इसके बाद ज्योति कोल बीमार हो गई। फिर राजकुमारी कोल की तबीयत बिगड़ी। उसके बाद देवरती कोल, डेढ़ साल का आतिश और अंत में चोटनी कोल बीमार हो गई।

मृतक केमला प्रसाद के रिश्तेदार हैं

देवरती कोल - केमला प्रसाद कोल की मां

छोटानी कोल - केमला प्रसाद कोल की सगी चाचा

ज्योति कोल - केमला प्रसाद कोल की पोती

आतिश कोल - केमला प्रसाद कोल के साले का बेटा

मौतों का रहस्य, डॉक्टर भी हैरान

डॉक्टर भी हैरान हैं। सभी मृतकों को शुरू में उल्टी-दस्त की शिकायत थी। लेकिन हैरानी की बात यह है कि एक ही खाना सैकड़ों लोगों ने खाया था, फिर भी कुछ ही लोग बीमार पड़े। इस कारण इसे फूड पॉइजनिंग का मामला भी नहीं माना जा रहा है। अगर खाना खराब होता तो बड़ी संख्या में लोग बीमार पड़ जाते।

स्थिति इतनी गंभीर थी कि स्वास्थ्य विभाग की टीम के सामने ही एक महिला की मौत हो गई। फिलहाल तीन लोग रीवा के संजय गांधी अस्पताल में भर्ती हैं, जिनमें से एक महिला की किडनी बुरी तरह खराब बताई जा रही है।

परिजनों का कहना है कि सभी मृतक पूरी तरह स्वस्थ थे। किसी को पहले से कोई गंभीर बीमारी नहीं थी। अचानक उल्टी-दस्त शुरू हो गए और एक-एक करके चारों की मौत हो गई। कारण क्या था - यह अभी भी रहस्य बना हुआ है।

Read more- Landmines, Tanks, Ruins: The Afghanista Taliban Left Behind in 2001 29 IAS-IPS

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन