शहडोल में 'प्रिंसिपल' के खिलाफ छात्रों का पैदल गदर : 70 KM दूर कलेक्टर से मिलने निकले 200 बच्चे, 15 KM चले, पीछे-पीछे चलती रहीं बसें, अफसरों की नहीं सुनी
MP CG Times / Wed, Oct 7, 2026
मध्य प्रदेश के शहडोल जिले में बिरौड़ी स्थित एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय (जैतपुर) के सैकड़ों छात्र-छात्राओं का गुस्सा प्रशासन पर भारी पड़ रहा है। विद्यालय के प्राचार्य से परेशान लगभग 200 विद्यार्थी बुधवार को स्कूल कैंपस छोड़कर सीधे 70 किलोमीटर दूर शहडोल जिला मुख्यालय स्थित कलेक्टर कार्यालय के लिए पैदल ही रवाना हो गए।
'कलेक्टर से मिलना है, हमारी मांगें पूरी करो' के नारे लगाते हुए छात्र-छात्राएं कड़कड़ाती धूप में 15 किलोमीटर से अधिक दूरी पैदल तय कर चुके हैं। प्रशासनिक अधिकारियों और पुलिस की लाख कोशिशों के बावजूद विद्यार्थी रास्ते में रुकने या किसी स्थानीय अफसर की बात सुनने को तैयार नहीं हैं।

'सिर्फ कलेक्टर सर से बात करेंगे': स्थानीय अफसरों को कर दिया खारिज
छात्र-छात्राओं का आरोप है कि विद्यालय के प्राचार्य द्वारा लगातार लापरवाही बरती जा रही है और व्यवस्थाएं पूरी तरह ध्वस्त हैं। बुधवार सुबह अचानक करीब 200 छात्र-छात्राएं एकजुट हुए और स्कूल परिसर से बाहर निकलकर शहडोल की तरफ पैदल मार्च शुरू कर दिया।
जब स्कूल के प्राचार्य और स्थानीय विकासखंड शिक्षा अधिकारी (BEO) ने उन्हें रोकने की कोशिश की, तो छात्रों ने साफ कह दिया कि वे अपनी समस्याएं किसी छोटे अधिकारी के सामने नहीं रखेंगे, केवल कलेक्टर से ही सीधी बात करेंगे।

15 KM तक चले पैदल, अफसरों ने भिजवाईं बसें; रास्ते में चाय-नाश्ता
200 बच्चों के अचानक सड़क पर उतरने और शहडोल की ओर पैदल बढ़ने की खबर फैलते ही जिला प्रशासन में हड़कंप मच गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए शहडोल से एसी ट्राइबल आनंद राय सिन्हा, BEO और BRC की संयुक्त टीम तुरंत मौके पर पहुंची। अफसरों ने बच्चों को बीच रास्ते में रोककर मनाने का प्रयास किया, लेकिन छात्र अपनी मांग पर अड़े रहे।
बच्चों की सुरक्षा और 70 किमी लंबी दूरी को देखते हुए प्रशासन ने तत्काल दो बसें मौके पर भिजवाईं। हालांकि कुछ छात्र बसों में बैठ गए, लेकिन दर्जनों छात्र-छात्राएं अभी भी नारे लगाते हुए पैदल ही आगे बढ़ रहे हैं।
पुलिस और प्रशासनिक अमला पैदल चल रहे बच्चों के साथ-साथ चल रहा है। बच्चों की तबीयत न बिगड़े, इसके लिए रास्ते में उनके लिए पानी, चाय, नाश्ता और बिस्किट का इंतजाम किया गया।
प्रशासन मुस्तैद, तत्काल निराकरण का दिया भरोसा
घटनाक्रम की जानकारी देते हुए एसी ट्राइबल आनंद राय सिन्हा ने बताया कि,
"बच्चों की प्राचार्य से जुड़ी कुछ शिकायतें हैं। उन्हें लगातार समझाने का प्रयास किया जा रहा है और उनकी सुरक्षा के लिए पुलिस व प्रशासनिक टीम उनके साथ मौजूद है। दो बसों की व्यवस्था की गई है, जिनमें कई बच्चे बैठ भी गए हैं। बच्चों की जो भी समस्याएं हैं, उनका तत्काल निराकरण किया जाएगा। फिलहाल वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशानुसार स्थिति पर पूरी नजर रखी जा रही है।"
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