Logo
Breaking News Exclusive
गरियाबंद में यूथ कांग्रेस ने निकाली मशाल रैली, Education System की बदहाली पर साय सरकार को घेरा नहाते समय दलदल में फंसा पैर, बाहर नहीं निकल सका मासूम; तड़पकर थम गई सांसें, परिवार में पसरा मातम मौके पर ही मौत, छत्तीसगढ़ के युवक के साथ जा रही थी, बयानों में फंसा साथी तो पुलिस ने भेजा हवालात हीरा सिंह Vs फुंदेलाल मार्को की बोल-बम यात्रा, शिव ने किसकी भरी झोली; जानिए 2 यात्राओं की 10 सीक्रेट कहानी मौहारी-जरही-परसेल के ग्रामीणों का हल्लाबोल, 7 दिन में रोड नहीं तो आंदोलन; सांसद-विधायक के खोखले विकास की खुली पोल ग्रामीणों का गुस्सा फूटा, मौहारी-देवरा मार्ग के लिए खुद उठाई कुदाली, 15 हजार वोटर करेंगे चुनाव बहिष्कार और आंदोलन अनूपपुर के मौहारी समेत 4 पंचायतों में सड़क आज भी सपना; 15 हजार वोटर बोले- अब चक्काजाम, चुनाव बहिष्कार की चेतावनी 23 दिन 100% उपस्थिति के कुछ घंटे बाद तबादला, रणबीर शर्मा होंगे नए कलेक्टर, जानिए कहां भेजे गए ? महाकाल में क्या चिता की भस्म चढ़ती है, रात में नेता क्यों नहीं रुकते, क्या कुर्सी चली जाती है; जानिए सच्चाई ? तारापीठ में होटल धधका, 7 लोग जिंदा जले, मां और 2 बच्चों समेत कई लापता गरियाबंद में यूथ कांग्रेस ने निकाली मशाल रैली, Education System की बदहाली पर साय सरकार को घेरा नहाते समय दलदल में फंसा पैर, बाहर नहीं निकल सका मासूम; तड़पकर थम गई सांसें, परिवार में पसरा मातम मौके पर ही मौत, छत्तीसगढ़ के युवक के साथ जा रही थी, बयानों में फंसा साथी तो पुलिस ने भेजा हवालात हीरा सिंह Vs फुंदेलाल मार्को की बोल-बम यात्रा, शिव ने किसकी भरी झोली; जानिए 2 यात्राओं की 10 सीक्रेट कहानी मौहारी-जरही-परसेल के ग्रामीणों का हल्लाबोल, 7 दिन में रोड नहीं तो आंदोलन; सांसद-विधायक के खोखले विकास की खुली पोल ग्रामीणों का गुस्सा फूटा, मौहारी-देवरा मार्ग के लिए खुद उठाई कुदाली, 15 हजार वोटर करेंगे चुनाव बहिष्कार और आंदोलन अनूपपुर के मौहारी समेत 4 पंचायतों में सड़क आज भी सपना; 15 हजार वोटर बोले- अब चक्काजाम, चुनाव बहिष्कार की चेतावनी 23 दिन 100% उपस्थिति के कुछ घंटे बाद तबादला, रणबीर शर्मा होंगे नए कलेक्टर, जानिए कहां भेजे गए ? महाकाल में क्या चिता की भस्म चढ़ती है, रात में नेता क्यों नहीं रुकते, क्या कुर्सी चली जाती है; जानिए सच्चाई ? तारापीठ में होटल धधका, 7 लोग जिंदा जले, मां और 2 बच्चों समेत कई लापता

: Damoh: 100 साल के बुजुर्ग ने बीड़ी जलाई तो कपड़ों में लग गई आग, अब जिंदगी-मौत के बीच लड़ रहे जंग

News Desk / Fri, Oct 21, 2022


अस्पताल में इलाज जारी

अस्पताल में इलाज जारी - फोटो : अमर उजाला

ख़बर सुनें

दमोह जिले में 100 साल के एक बुजुर्ग को बीड़ी पीने का शौक काफी महंगा पड़ गया। उसके कपड़ों में बीड़ी की चिंगारी गिरने से शरीर में आग लग गई और वह झुलस गया। जब परिजन बुजुर्ग के पास पहुंचे तो उसकी हालत गंभीर थी। तत्काल इलाज के लिए जिला अस्पताल लाया गया, जहां उसकी हालत गंभीर बनी है।

बता दें कि मामला दमोह जिले के बटियागढ़ थाना अंतर्गत कैथोरा गांव का है। जहां शनिवार सुबह 100 साल के बुजुर्ग बक्से विश्वकर्मा अपनी शौक पूरा करने के लिए बीड़ी पी रहे थे। इसी दौरान बीड़ी की चिंगारी उनके कपड़े पर गिर गई। बुजुर्ग चलने-फिरने में असमर्थ हैं, इसलिए चिंगारी आग में बदल गई और आग लगने से बुजुर्ग झुलस गए। चीख-पुकार सुनकर परिजन मौके पर पहुंचे और गंभीर हालत में इलाज के लिए बटियागढ़ स्वास्थ्य केंद्र लेकर आए, जहां हालत गंभीर होने पर डाक्टर ने जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जहां बुजुर्ग का इलाज चल रहा है।

जानकारी के लिए बता दें कि नशा कोई भी हो शरीर को नुकसान पहुंचाता है। बुजुर्ग को भी इस उम्र में बीड़ी का शौक भारी पड़ गया। बुजुर्ग के पोते जन विश्वकर्मा ने बताया, उसके नाना की उम्र 100 साल से अधिक है। वह चल-फिर नहीं सकते। उन्हें बीड़ी पीने का शौक है।

विस्तार

दमोह जिले में 100 साल के एक बुजुर्ग को बीड़ी पीने का शौक काफी महंगा पड़ गया। उसके कपड़ों में बीड़ी की चिंगारी गिरने से शरीर में आग लग गई और वह झुलस गया। जब परिजन बुजुर्ग के पास पहुंचे तो उसकी हालत गंभीर थी। तत्काल इलाज के लिए जिला अस्पताल लाया गया, जहां उसकी हालत गंभीर बनी है।

बता दें कि मामला दमोह जिले के बटियागढ़ थाना अंतर्गत कैथोरा गांव का है। जहां शनिवार सुबह 100 साल के बुजुर्ग बक्से विश्वकर्मा अपनी शौक पूरा करने के लिए बीड़ी पी रहे थे। इसी दौरान बीड़ी की चिंगारी उनके कपड़े पर गिर गई। बुजुर्ग चलने-फिरने में असमर्थ हैं, इसलिए चिंगारी आग में बदल गई और आग लगने से बुजुर्ग झुलस गए। चीख-पुकार सुनकर परिजन मौके पर पहुंचे और गंभीर हालत में इलाज के लिए बटियागढ़ स्वास्थ्य केंद्र लेकर आए, जहां हालत गंभीर होने पर डाक्टर ने जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जहां बुजुर्ग का इलाज चल रहा है।

जानकारी के लिए बता दें कि नशा कोई भी हो शरीर को नुकसान पहुंचाता है। बुजुर्ग को भी इस उम्र में बीड़ी का शौक भारी पड़ गया। बुजुर्ग के पोते जन विश्वकर्मा ने बताया, उसके नाना की उम्र 100 साल से अधिक है। वह चल-फिर नहीं सकते। उन्हें बीड़ी पीने का शौक है।


Source link

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन