: वन विभाग के ऑफिस में तोड़फोड़, कर्मचारियों को पीटा, चार आरोपियों को छुड़ा ले गए हमलावर
News Desk / Fri, Mar 3, 2023
वन विभाग के ऑफिस में तोड़फोड़ - फोटो : अमर उजाला
विस्तार
बुरहानपुर में वन अतिक्रमणकारियों और फॉरेस्ट विभाग के बीच गुरुवार देर रात जमकर हंगामा हुआ। दरअसल, फॉरेस्ट रेंज में किए गए पौधारोपण को बर्बाद कर कुछ अतिक्रमण कारी जमीन पर कब्जा कर रहे थे, जिन्हें फॉरेस्ट विभाग की टीम ने गिरफ्तार कर पूछताछ के लिए रेंज कार्यालय लाए थे। फॉरेस्ट विभाग पकड़े गए अतिक्रमणकारियों को पुलिस को सौंपने की तैयारी कर रहा था कि इसी बीच अतिक्रमणकारियों के 40 से अधिक साथी भी रेंज कार्यालय पहुंच गए और उन्होंने वहां जमकर हंगामा किया।
बता दें कि अपने साथियों को छुड़ाने पहुंचे अतिक्रमणकारियों ने रेणुका डिपो में बने रेंज कार्यालय में तोड़फोड़ की। साथ ही महिला वन कर्मियों के साथ डंडों से मारपीट भी की। कुछ वन कर्मियों ने अपने आप को कमरे में बंद कर अपनी जान बचाई। पुलिस को सूचना मिलने पर तुरंत पुलिस भी पहुंची और रास्ते में ही घेराबंदी कर अपने साथियों को छुड़ाकर ले जा रहे अतिक्रमणकारियों को धर दबोचा। लगभग 40 अतिक्रमणकारियों में 14 महिलाएं भी शामिल हैं। सभी के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
अतिक्रमणकारी बेखौफ...
जंगल पर अतिक्रमण करने वाले इतने बेखौफ हो चुके हैं कि वे अब शहर में वनमंडल कार्यालय पर भी हमला करने से नहीं चूक रहे हैं। पूरा मामला मध्यप्रदेश के बुरहानपुर का है। जहां जंगल कटाई के मामले में गुरुवार को चार आरोपियों को पकड़कर वन मंडल कार्यालय लेकर आए वन अमले पर अतिक्रमणकारियों के 40 साथियों ने हमला कर दिया। देर रात पत्थर से दरवाजा तोड़कर भीतर घुसे और महिला वनरक्षकों को पीटा। वहीं, कुछ वन रक्षकों ने खुद को कमरों में बंद कर अपनी जान बचाई। जो बाहर थे, उन्हें पीटा और उनकी वर्दी तक भी फाड़ दी। इसके बाद अपने चारों साथियों को छुड़ा ले गए। वन विभाग की सूचना के बाद पुलिस टीम पहुंची और नाकाबंदी कर देर रात 35 अतिक्रमणकारियों को गिरफ्तार कर लिया। इनमें 21 पुरुष और 14 महिलाएं शामिल हैं। आरोपियों पर शासकीय कार्य में बाधा, बलवा सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज किया। निंबोला के ठाठर-बलड़ी क्षेत्र में अतिक्रमणकारियों की घुसपैठ लगातार हो रही है।
डीएफओ ने बताया...
डीएफओ अनुपम शर्मा ने बताया कि गुरुवार दोपहर उत्तर बलड़ी क्षेत्र में अतिक्रमणकारी वन विभाग के पौधारोपण को बर्बाद कर रहे थे। सूचना मिलने पर वन अमला पहुंचा, लेकिन अतिक्रमणकारी नहीं माने। अतिरिक्त फोर्स बुलाकर अतिक्रमणकारियों को खदेड़ा और मौके से अतिक्रमणकारी शांताराम पिता रेमला, पांचा पिता बांटा, अंजरी पिता सखाराम और बनाबाई पति शांताराम को पकड़ा। शाम 6.30 बजे चारों को रेणुका वन डिपो के बुरहानपुर वन परिक्षेत्र कार्यालय लाया गया। अमला कागजी कार्रवाई कर रहा था, तभी पिकअप क्रमांक एमएच-04 जीयू- 1361 के साथ आठ से दस बाइक सवार अतिक्रमणकारियों का झुंड वहां पहुंच गया। उन्हें देख अमले ने दरवाजा भीतर से बंद कर लिया। बाहर खड़े स्टाफ को अतिक्रमणकारियों ने पीटा। महिलाओं ने महिला वनरक्षकों से मारपीट शुरू कर दी। डंडों सहित प्लास्टिक की कुर्सियां फेंककर मारी। मार पीट के बीच ये सभी मिलकर चारों अतिक्रमणकारियों को रेंज ऑफिस से छुड़ा ले गए।
सूत्रों ने बताया कि नवंबर में विस और मई में लोकसभा चुनाव होने से सरकार फिलहाल आदिवासियों के खिलाफ कोई भी कड़ी कार्रवाई के मूड में नही है। क्योंकि आदिवासी वोटरों को रिझाने के लिए सरकार तमाम प्रयास कर रही है। इस बात का फायदा उठाकर आदिवासी जंगल काटकर जमीन को खेती लायक बनाने के लिए कब्जा कर रहे हैं।
वन विभाग, पुलिस और प्रशासन पर पांच महीने में सात बड़े हमले हो चुके हैं। लेकिन इसके बाद भी एक बार भी जवाबी हमला नहीं किया। इससे हौसले बुलंद होते जा रहे हैं। वन विभाग को रक्षा के लिए बंदूकें दी गईं हैं, लेकिन एक बार भी नहीं चलाई। बंदूक मजिस्ट्रेट की अनुमति से ही चलाई जा सकती हैं। लेकिन न तो वन विभाग ने कभी इसकी अनुमति मांगी और न ही प्रशासन ने ऐसी अनुमति दी।
कलेक्टर-एसपी के दफ्तर के पास हमला...
परिक्षेत्र कार्यालय में जहां हमला हुआ है, वहां से कलेक्टर, एसपी कार्यालय और पुलिस लाइन एक किमी की दूरी पर है। रेणुका वन डिपो परिसर में ही एसएफ की आठवीं वाहिनी के आवास भी है। इसके बावजूद अतिक्रमणकारी यहां तक घुस आए और वन अमले के साथ मारपीट कर अपने साथियों को छुड़ाकर ले गए।
वहीं इस मामले में बुराहनपुर एस पी राहुल कुमार लोढ़ा ने बताया कि फारेस्ट विभाग के द्वारा थार्टर से चार अतिक्रमण कारियों को गिरफ्तार कर रेणुका डिपो पर लाया गया था। जिनमें दो महिला के साथ ही दो पुरुष थे। कार्रवाई पूरी करने के बाद जब वन अमला उन्हें पुलिस को सौंपने वाला था, तभी थार्टर के ही 30 से 40 लोगों ने रेंज ऑफिस जो कि रेणुका डिपो है वहां तोड़फोड़ कर उन चारों को छुड़ाकर ले जाने का प्रयास किया। पुलिस को जानकारी मिलने पर पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उन सभी लोगों को रास्ते में ही राउण्डअप कर लिया, जिसमें 21 पुरुष के साथ ही 14 महिलाएं भी हैं। इस तरह कुल 35 लोगों पर कार्रवाई करते हुए लालबाग थाना में मामला दर्ज कर लिया गया है।
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