Logo
Breaking News Exclusive
गरियाबंद में दीवार में छिपाया हाथी का दांत; जानिए खुदाई से कैसे खुला सीक्रेट राज ? MP Petrol Crisis 2026, Petrol Shortage या Panic Buying, अफवाह से कैसे मची भगदड़ ? MP Petrol Crisis 2026, 58.8 करोड़ लीटर पेट्रोल स्टॉक के बावजूद क्यों मची भगदड़, पूरी इनसाइड स्टोरी Investment Tips March 2026, आज इन शेयर्स पर रखें नजर, चेक करिए लिस्ट ! Sensex में 900 अंक की तेजी, Nifty भी 300 अंक चढ़ा; पढ़िए Share Market Update Lockdown in India 2026, ‘Lockdown due to War’ क्यों हो रहा ट्रेंड; जानिए पूरा सच डॉक्टर ने पत्नी को जिंदा जलाकर मार डाला, 2-2 लाख में किराए के किलर भी बुलाए गरियाबंद में सिविक एक्शन, ओड-अममौरा में स्वास्थ्य जांच, बांटी गई दवाइयां-रोजमर्रा के उपयोग की सामग्रियां मध्य प्रदेश के कई शहरों में पेट्रोल-डीजल की किल्लत, Petrol Pump पर लंबी कतारें, कई जगह स्टॉक खत्म 1 एकड़ में 2 करोड़ की अफीम मिली, तरबूज-ककड़ी बताकर खेती, दोस्तों संग मिलकर कारोबार किया गरियाबंद में दीवार में छिपाया हाथी का दांत; जानिए खुदाई से कैसे खुला सीक्रेट राज ? MP Petrol Crisis 2026, Petrol Shortage या Panic Buying, अफवाह से कैसे मची भगदड़ ? MP Petrol Crisis 2026, 58.8 करोड़ लीटर पेट्रोल स्टॉक के बावजूद क्यों मची भगदड़, पूरी इनसाइड स्टोरी Investment Tips March 2026, आज इन शेयर्स पर रखें नजर, चेक करिए लिस्ट ! Sensex में 900 अंक की तेजी, Nifty भी 300 अंक चढ़ा; पढ़िए Share Market Update Lockdown in India 2026, ‘Lockdown due to War’ क्यों हो रहा ट्रेंड; जानिए पूरा सच डॉक्टर ने पत्नी को जिंदा जलाकर मार डाला, 2-2 लाख में किराए के किलर भी बुलाए गरियाबंद में सिविक एक्शन, ओड-अममौरा में स्वास्थ्य जांच, बांटी गई दवाइयां-रोजमर्रा के उपयोग की सामग्रियां मध्य प्रदेश के कई शहरों में पेट्रोल-डीजल की किल्लत, Petrol Pump पर लंबी कतारें, कई जगह स्टॉक खत्म 1 एकड़ में 2 करोड़ की अफीम मिली, तरबूज-ककड़ी बताकर खेती, दोस्तों संग मिलकर कारोबार किया

: आरक्षण बिल पर पोस्टर वॉर: रायपुर में लगे बोर्ड-बैनर, 'भाजपा कार्यालय की फोटो लगा लिखा-राजभवन संचालन केंद्र'

News Desk / Sat, Dec 31, 2022


रायपुर में लगे पोस्टर।

रायपुर में लगे पोस्टर। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

ख़बर सुनें

छत्तीसगढ़ में आरक्षण संशोधित विधेयक का मामला गरमाता जा रहा है। बात अब जुबानी जंग से निकलकर सड़क पर आ गई है। राजधानी रायपुर की सड़कों पर बोर्ड और होर्डिंग लगाकर नया पोस्टर वॉर शुरू हो गया है। इस पोस्टर में किसी पार्टी का नाम नहीं है, लेकिन यह दर्शाया गया है कि राज भवन का संचालन अस्थाई रूप से भाजपा कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में स्थानांतरण कर दिया गया है। 

यह भी पढ़ें...Reservation Bill Controversy:आरक्षण पर राजभवन का पलटवार, कहा- पत्र में विशेष परिस्थितियों का उल्लेख नहीं

शहर में कई जगहों पर लगाए गए पोस्टर
ऐसा ही एक पोस्टर भारतीय जनता पार्टी के जिला कार्यालय एकात्म परिसर के पास लगाया गया है। इस पर लिखा है राजभवन संचालन केंद्र इधर है। बकायदा तीर का निशान बनाकर उसे दर्शाया गया है। तेलीबांधा चौराहे पर भी एक ऐसा ही बड़ा पोस्टर लगाया गया है । जिसमें एकात्म परिसर को राजभवन संचालन केंद्र बताया गया है। इसके अलावा प्रमुख सड़कों पर खंभों पर छोटे-छोटे पोस्टर लगाए गए हैं।
 

यह भी पढ़ें...आरक्षण बिल विवाद: CM भूपेश ने कहा- BJP नेताओं के दबाव में राज्यपाल, एकात्म परिसर में बैठता है विधिक सलाहकार

एक माह से राजभवन में अटका है विधेयक
दरअसल, कांग्रेस तीन जनवरी यानी मंगलवार को राजभवन में करीब एक माह से अटके हुए आरक्षण विधेयक को लेकर प्रदर्शन करने जा रही है। यह प्रदर्शन रायपुर में होने वाला है। सभी समाज प्रमुखों से प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष ने राजीव भवन शंकर नगर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यालय में चर्चा कर आरक्षण बिल को राजभवन में रुकने का कारण बताते हुए भाजपा को दोषी करार दिया है। 

यह भी पढ़ें...आरक्षण पर रार: CM भूपेश ने कहा- विरोध पर भी राज्यपाल का ईगो सेटिस्फाई किया, विधानसभा से बड़ा है विधिक सलाहकार?

कांग्रेस चुनावी मोड में
सूत्र बता रहे हैं कि राज्य सरकार और कांग्रेस अभी यह मान कर चल रही है यह मामला तो विधानसभा और राजभवन के बीच का है। सरकार का कोई लेना-देना नहीं। फिर राजभवन हस्ताक्षर करती है या लंबे समय तक पेंडिंग रखती है, वह जाने। अब सरकार को भी कोई चिंता नहीं है ऐसा प्रतीत होता है। कांग्रेस सरकार और कांग्रेस पार्टी चुनावी मोड की रणनीति बनाने में व्यस्त हो गए हैं। 

यह भी पढ़ें...आरक्षण पर विवाद: CM भूपेश ने 30 को बुलाई कैबिनेट बैठक, राजभवन के रुख पर होगी बात, शीतकालीन सत्र भी 2 जनवरी से

सीएम ने कहा था- राजभवन का विधिक सलाहकार एकात्म परिसर में बैठता है
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा था कि राज्यपाल भाजपा नेताओं के दबाव में हैं। राजभवन का विधिक सलाहकार एकात्म परिसर में बैठता है। उन्होंने पूर्व सीएम रमन सिंह के दिए बयान का जिक्र किया कि 'मुख्यमंत्री की इच्छा से तैयार किए गए बिल पर राज्यपाल हस्ताक्षर नहीं कर सकती'। इसे लेकर सीएम बघेल ने कहा था कि बिल विभाग तैयार करता है। कैबिनेट में प्रस्तुत होता है। फिर एडवाइजरी कमेटी के सामने जाता है। 

विस्तार

छत्तीसगढ़ में आरक्षण संशोधित विधेयक का मामला गरमाता जा रहा है। बात अब जुबानी जंग से निकलकर सड़क पर आ गई है। राजधानी रायपुर की सड़कों पर बोर्ड और होर्डिंग लगाकर नया पोस्टर वॉर शुरू हो गया है। इस पोस्टर में किसी पार्टी का नाम नहीं है, लेकिन यह दर्शाया गया है कि राज भवन का संचालन अस्थाई रूप से भाजपा कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में स्थानांतरण कर दिया गया है। 

यह भी पढ़ें...Reservation Bill Controversy:आरक्षण पर राजभवन का पलटवार, कहा- पत्र में विशेष परिस्थितियों का उल्लेख नहीं

शहर में कई जगहों पर लगाए गए पोस्टर
ऐसा ही एक पोस्टर भारतीय जनता पार्टी के जिला कार्यालय एकात्म परिसर के पास लगाया गया है। इस पर लिखा है राजभवन संचालन केंद्र इधर है। बकायदा तीर का निशान बनाकर उसे दर्शाया गया है। तेलीबांधा चौराहे पर भी एक ऐसा ही बड़ा पोस्टर लगाया गया है । जिसमें एकात्म परिसर को राजभवन संचालन केंद्र बताया गया है। इसके अलावा प्रमुख सड़कों पर खंभों पर छोटे-छोटे पोस्टर लगाए गए हैं।
 

यह भी पढ़ें...आरक्षण बिल विवाद: CM भूपेश ने कहा- BJP नेताओं के दबाव में राज्यपाल, एकात्म परिसर में बैठता है विधिक सलाहकार


एक माह से राजभवन में अटका है विधेयक
दरअसल, कांग्रेस तीन जनवरी यानी मंगलवार को राजभवन में करीब एक माह से अटके हुए आरक्षण विधेयक को लेकर प्रदर्शन करने जा रही है। यह प्रदर्शन रायपुर में होने वाला है। सभी समाज प्रमुखों से प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष ने राजीव भवन शंकर नगर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यालय में चर्चा कर आरक्षण बिल को राजभवन में रुकने का कारण बताते हुए भाजपा को दोषी करार दिया है। 

यह भी पढ़ें...आरक्षण पर रार: CM भूपेश ने कहा- विरोध पर भी राज्यपाल का ईगो सेटिस्फाई किया, विधानसभा से बड़ा है विधिक सलाहकार?


कांग्रेस चुनावी मोड में
सूत्र बता रहे हैं कि राज्य सरकार और कांग्रेस अभी यह मान कर चल रही है यह मामला तो विधानसभा और राजभवन के बीच का है। सरकार का कोई लेना-देना नहीं। फिर राजभवन हस्ताक्षर करती है या लंबे समय तक पेंडिंग रखती है, वह जाने। अब सरकार को भी कोई चिंता नहीं है ऐसा प्रतीत होता है। कांग्रेस सरकार और कांग्रेस पार्टी चुनावी मोड की रणनीति बनाने में व्यस्त हो गए हैं। 

यह भी पढ़ें...आरक्षण पर विवाद: CM भूपेश ने 30 को बुलाई कैबिनेट बैठक, राजभवन के रुख पर होगी बात, शीतकालीन सत्र भी 2 जनवरी से

सीएम ने कहा था- राजभवन का विधिक सलाहकार एकात्म परिसर में बैठता है
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा था कि राज्यपाल भाजपा नेताओं के दबाव में हैं। राजभवन का विधिक सलाहकार एकात्म परिसर में बैठता है। उन्होंने पूर्व सीएम रमन सिंह के दिए बयान का जिक्र किया कि 'मुख्यमंत्री की इच्छा से तैयार किए गए बिल पर राज्यपाल हस्ताक्षर नहीं कर सकती'। इसे लेकर सीएम बघेल ने कहा था कि बिल विभाग तैयार करता है। कैबिनेट में प्रस्तुत होता है। फिर एडवाइजरी कमेटी के सामने जाता है। 


Source link

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन