Logo
Breaking News Exclusive
क्लासमेट ने नशीला जूस पिलाकर किया रेप, आयतें फूंककर जबरन कराया धर्मांतरण; निकाह का video आया सामने अच्छे रिश्ते-नौकरी का दिया झांसा, मां को भेजा मंदिर, सम्मोहित कर वारदात को दिया अंजाम DMF घोटाले को लेकर 5 जिलों में एक साथ रेड; कांग्रेस नेता और बड़े ठेकेदारों के ठिकानों पर दबिश, परिजनों के मोबाइल जब्त घरेलू उपभोक्ताओं से लेकर किसानों और कारोबारियों पर पड़ा असर, जानिए अब कितना लगेगा बिल मरवाही में हाथियों के झुंड के पास पहुंचे ग्रामीण, भड़काने के लिए फेंके पत्थर, देखने के लिए पेड़ों पर चढ़े लोग इकलौते बेटे का पीएम कराने से पिता ने किया था इनकार, समझाइश के बाद माने परिजन ब्लैकमेल कर रेप किया, बहन से मिलने आई थी, पढ़िए रेपिस्ट की काली करतूत चायवाला कैसे बना पावरफुल, करोड़ों की संपत्ति, गोबर में किसने गाड़ा कैश, CCTV फुटेज डिलीट; जानिए कितने किरदार ? बंजी जंपिंग के दौरान कर्मचारी सेफ्टी रस्सी बांधना भूले, 21 साल की युवती की दर्दनाक मौत खजाने के लिए 'बलि' की चर्चा, जहर वाली शराब पिलाकर मर्डर का आरोप, 1 शव कब्र खोदकर निकाला गया क्लासमेट ने नशीला जूस पिलाकर किया रेप, आयतें फूंककर जबरन कराया धर्मांतरण; निकाह का video आया सामने अच्छे रिश्ते-नौकरी का दिया झांसा, मां को भेजा मंदिर, सम्मोहित कर वारदात को दिया अंजाम DMF घोटाले को लेकर 5 जिलों में एक साथ रेड; कांग्रेस नेता और बड़े ठेकेदारों के ठिकानों पर दबिश, परिजनों के मोबाइल जब्त घरेलू उपभोक्ताओं से लेकर किसानों और कारोबारियों पर पड़ा असर, जानिए अब कितना लगेगा बिल मरवाही में हाथियों के झुंड के पास पहुंचे ग्रामीण, भड़काने के लिए फेंके पत्थर, देखने के लिए पेड़ों पर चढ़े लोग इकलौते बेटे का पीएम कराने से पिता ने किया था इनकार, समझाइश के बाद माने परिजन ब्लैकमेल कर रेप किया, बहन से मिलने आई थी, पढ़िए रेपिस्ट की काली करतूत चायवाला कैसे बना पावरफुल, करोड़ों की संपत्ति, गोबर में किसने गाड़ा कैश, CCTV फुटेज डिलीट; जानिए कितने किरदार ? बंजी जंपिंग के दौरान कर्मचारी सेफ्टी रस्सी बांधना भूले, 21 साल की युवती की दर्दनाक मौत खजाने के लिए 'बलि' की चर्चा, जहर वाली शराब पिलाकर मर्डर का आरोप, 1 शव कब्र खोदकर निकाला गया

: MP की दगाबाज पत्नी: जब पति की टांगें कटीं तो छोड़कर चली गई, परिवार ने भी छोड़ा, अब बच्चे की तरह पाल रहा सौतेला भाई

MP CG Times / Sun, Oct 31, 2021

दमोह. दमोह में एक ‘सौतेला’ भाई ऐसा है जो बिल्कुल लक्ष्मण की तरह बड़े भाई की सेवा कर रहा है. पत्नी, पिता और मां ने जिस दिव्यांग बड़े भाई को मरने के लिए छोड़ दिया, उसे छोटा भाई बच्चे की तरह पाल रहा है. इस छोटे भाई को बड़े भाई की सेवा करने की सजा भी मिल रही है. उसे भी परिवार ने धक्के मारकर घर से निकाल दिया है. ये कहानी है दमोह जनपद पंचायत के तहत आने वाले तेजगढ़ खुर्द गांव की.

ऐसा भी हो सकता है: 8 साल के रिश्ते में प्रेमी ने एक बार भी प्रेमिका को नहीं किया प्रपोज, नाराज महिला पहुंची कोर्ट

यहां सोनू और आकाश सौतेले भाई हैं. दोनों एक-दूसरे पर जान छिड़कते हैं. इनके किस्से गांव में इतने मशहूर हैं कि अब इस रिश्ते की मिसाल दी जाती है. सोनू को दिव्यांग योजना का लाभ दिलवाने आकाश जब कलेक्ट्रेट में भटक रहा था, तभी हमारे टीम की इन पर नजर पड़ गई. टीम ने जब इनसे बात की तो इन्होंने दिल खोलकर रख दिया.

शहडोल में जंगली भालू का शिकार: भालू की हत्या करने के बाद गुप्तांग और नाखून काट ले गए शिकारी, वजह जान हो जाएंगे हैरान

बता दें, 25 वर्षीय सोनू पिता शिवराज रजक जबलपुर में काम करता था. वहां पिछले साल जनवरी में एक हादसा हो गया और उसकी दोनों टांगें कट गईं. सोनू ही परिवार में इकलौता कमाने वाला था. लेकिन, हादसे के बाद परिवार पर आर्थिक संकट आ गया. हालात इतने दयनीय हो गए कि 2 साल पहले तक उसके साथ 7 जन्मों तक जीने-मरने की कसमें खाने वाली पत्नी उसको हमेशा के लिए छोड़कर चली गई.

जुदा हुए दो जिस्म एक जान: 1 शरीर, 2 सिर और 4 हाथ वाले जुड़वा भाइयों की मौत, गांव में मातम…

इसके बाद सोनू से बाकी परिजनों ने भी धीरे-धीरे किनारा कर लिया. सौतेली मां ने उसे गांव में ही दूसरे मकान में छोड़ दिया और खाना-पीना बंद करा दिया. लेकिन, मां ये बात 16 साल के बेटे आकाश को गवारा नहीं हुई. उसने जब इस मुद्दे को लेकर परिवार का विरोध किया तो परिजनों ने उसको भी घर से अगल कर दिया. सोनू का साथ देने की वजह से उसका खाना-पीना भी बंद कर दिया गया. दोनों को उनके हाल पर छोड़ दिया गया है.

सेक्स रैकेट का भंडाफोड़: होटल में चल रहा था देह व्यापार, ग्राहक बनकर पहुंची पुलिस, 2 महिला समेत 5 गिरफ्तार

इसके बाद आकाश ने पूरा ध्यान सोनू की देखभाल में लगा दिया. वह हर पल अपने सौतेले बड़े भाई के साथ रहता है. उसका पूरा ख्याल रखता है. गौरतलब है कि अपने ही घर से बेसहारा हुए सोनू को 90% दिव्यांग होने के वावजूद शासन की योजनाओं का लाभ नहीं मिला. न ही उसे दिव्यांग पेंशन मिल रही है. उसे सरकार से ट्रायसाइकल मिलने की उम्मीद थी, लेकिन वह भी नहीं मिली. इस मामले को लेकर आकाश कलेक्टर से मिलने कलेक्ट्रेट गया. लेकिन कलेक्टर से मुलाकात नहीं हो सकी. वह सोनू को गोद में लिए-लिए भरकता रहा. read more- Landmines, Tanks, Ruins: The Afghanistan Taliban Left Behind in 2001 छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें मध्यप्रदेश की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें खेल की खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन