Logo
Breaking News Exclusive
गरियाबंद में 79 साल से अंधेरे में 48 गांव, डस्टबीन में अर्जी फेंक देते हैं अधिकारी, अब PM को खून से लेटर लिखेंगे आदिवासी बिना SEX बच्चे पैदा, सिर कटने पर भी जिंदा; डायनासोर से भी पुराने, पढ़िए 10 चौंकाने वाले किस्से तेल नदी पर 7 करोड़ का एनीकट बनेगा, जानिए CM विष्णुदेव के गरियाबंद दौरे की कहानी ? पानी के बीच में लिप-टू-लिप KISS किया, अर्धनग्न होकर एक-दूसरे से चिपककर नहाए 1 करोड़ 50 लाख के गांजे की डिलीवरी, कौन चला रहा करोड़ों का सिंडिकेट; जानिए कौन है पुष्पराजगढ़ का गांजा तस्कर ? RBI की मॉनेटरी पॉलिसी के फैसलों का ऐलान आज, जानिए रेपो रेट कितना रखने का अनुमान ? 5 जून को सोने-चांदी के रेट कितने बदले, जानिए आज के लेटेस्ट 24K, 22K,18K का भाव ? ETF में नहीं लगा सकेंगे मनचाहा पैसा, जानिए किसने तय कर दी लिमिट ? नौकरी जाने से पहले तैयार कर लें ये बैकअप, मुसीबत से पहले जान लीजिए प्लान ? पत्नी मायके से नहीं आ रही थी, मासूम को जबरन साथ लाया; बोला था- अगर नहीं आई तो इसे मार डालूंगा गरियाबंद में 79 साल से अंधेरे में 48 गांव, डस्टबीन में अर्जी फेंक देते हैं अधिकारी, अब PM को खून से लेटर लिखेंगे आदिवासी बिना SEX बच्चे पैदा, सिर कटने पर भी जिंदा; डायनासोर से भी पुराने, पढ़िए 10 चौंकाने वाले किस्से तेल नदी पर 7 करोड़ का एनीकट बनेगा, जानिए CM विष्णुदेव के गरियाबंद दौरे की कहानी ? पानी के बीच में लिप-टू-लिप KISS किया, अर्धनग्न होकर एक-दूसरे से चिपककर नहाए 1 करोड़ 50 लाख के गांजे की डिलीवरी, कौन चला रहा करोड़ों का सिंडिकेट; जानिए कौन है पुष्पराजगढ़ का गांजा तस्कर ? RBI की मॉनेटरी पॉलिसी के फैसलों का ऐलान आज, जानिए रेपो रेट कितना रखने का अनुमान ? 5 जून को सोने-चांदी के रेट कितने बदले, जानिए आज के लेटेस्ट 24K, 22K,18K का भाव ? ETF में नहीं लगा सकेंगे मनचाहा पैसा, जानिए किसने तय कर दी लिमिट ? नौकरी जाने से पहले तैयार कर लें ये बैकअप, मुसीबत से पहले जान लीजिए प्लान ? पत्नी मायके से नहीं आ रही थी, मासूम को जबरन साथ लाया; बोला था- अगर नहीं आई तो इसे मार डालूंगा

: कत्ल-ए-आम की खौफनाक कहानी: 3000 से ज्यादा की हत्याएं, 98 साल के कातिल ने खेली खून की होली, पढ़िए पूरी वारदात का कच्चा चिट्ठा

Former Nazi Guard Charged More Than 3300 Murders: ये हैरान कर देने वाला आंकड़ा जर्मन पुलिस अधिकारियों ने पेश किया है. मामला नरसंहार का है, जहां एक 98 साल के शख्स पर 3300 लोगों की हत्या का आरोप है. दरअसल, देश की अदालत फिलहाल इस मामले की सुनवाई कर रही है. दावा किया जाता है कि यह शख्स असल में एडोल्फ हिटलर की क्रूर सेना का हिस्सा था, जिसने द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान हजारों लोगों की बेरहमी से हत्या कर दी थी...

जुलाई 1943 से फरवरी 1945 के बीच का समय था, जब यह बुजुर्ग व्यक्ति एसएस सेना में काम करता था. यही वह समय था जब दुनिया ने उन्हें एडोल्फ हिटलर के क्रूर सैनिक के रूप में पहचाना. अत्यंत दर्दनाक यातना, वीभत्स व्यवहार और बात-बात पर हत्या करना उनका स्वभाव था, इसलिए पूरी दुनिया में उनका डर जायज था. दर्दनाक तरीके से हत्या ठीक वैसा ही इस शख्स ने भी किया, उस वक्त उसकी उम्र महज 15 से 19 साल के बीच रही होगी. वह जर्मनी के बर्लिन के उत्तर में स्थित साक्सेनहाउज़ेन एकाग्रता शिविर में एक सैनिक के रूप में तैनात थे. उस पर लगे सभी आरोपों के मुताबिक उस समय इस शख्स ने एसएस गार्ड के सदस्य के तौर पर हजारों कैदियों की बेरहमी से और दर्दनाक तरीके से हत्या कर दी थी. विद्वानों का कहना है कि साक्सेनहाउज़ेन एकाग्रता शिविर में 200,000 से अधिक लोग थे, जिनमें राजनीतिक कैदी, यहूदी और अन्य उत्पीड़ित लोग शामिल थे. इनमें से लगभग 40,000 से 50,000 कैदियों को मौत की सज़ा दी गई. हालाँकि द्वितीय विश्व युद्ध बहुत पहले ख़त्म हो चुका है, लेकिन उस दौर के नरसंहार के आरोपियों पर अभी भी मुक़दमे चल रहे हैं। इनमें से कुछ आरोपी ऐसे भी हैं, जिनकी मौत हो चुकी है, जबकि जो अभी भी जिंदा हैं, उनकी उम्र 90 साल से ज्यादा है. ऐसे में कोर्ट को तय करना है कि उन पर कार्रवाई की जाए या नहीं. Read more- Landmines, Tanks, Ruins: The Afghanistan Taliban Left Behind in 2001 29 IAS-IPS

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन