नव निर्वाचित अध्यक्ष सुंदरलाल विश्वकर्मा
- फोटो : अमर उजाला
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दमोह जिले में पथरिया से नव निर्वाचित अध्यक्ष सुंदरलाल विश्वकर्मा बहुजन समाज पार्टी से पार्षद का चुनाव लड़ चुके हैं। जीतने के बाद कांग्रेस में शामिल होकर पथरिया नगर परिषद अध्यक्ष का चुनाव लड़ा और यहां भी जितने के बाद कुछ ही घंटों के अंदर बीजेपी की सदस्यता ले ली थी, जिससे महज कुछ ही घंटे के अंदर कांग्रेस के हाथ से अध्यक्ष की कुर्सी चली गई थी।
पुलिस के मुताबिक, पथरिया नगर परिषद के अध्यक्ष सुंदरलाल विश्वकर्मा पर 10 महीने पुराने धारा-326 के मामले में छह आरोपियों के साथ उनका भी नाम शामिल था, जिसमें से अभी तक पांच आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं, लेकिन सुंदरलाल इस मामले में फरार चल रहे थे। इसी बीच नगर पालिका परिषद के चुनाव में भी खुलेआम अपना चुनाव-प्रचार करते रहे और बहुजन समाज पार्टी के चुनाव चिन्ह पर उन्होंने पार्षद का चुनाव भी जीता। लेकिन नगर परिषद अध्यक्ष बनने के बाद वह बीजेपी में शामिल हो गए।
बता दें कि सुंदरलाल बीजेपी समर्थित अध्यक्ष के रूप में वर्तमान में कार्य कर रहे हैं। पूरे निकाय चुनाव और नगर परिषद के अध्यक्ष के चुनाव के बाद तक पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार नहीं किया। जबकि वह खुलेआम सार्वजनिक कार्यक्रमों में भी सामिल हुए। यहां तक कि स्वतंत्रता दिवस के समारोह में भी वह शामिल हुए, लेकिन बुधवार को अचानक पथरिया पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया।
इन धाराओं में मामला दर्ज...
नगर परिषद अध्यक्ष सुंदरलाल विश्वकर्मा पर धारा- 294, 323, 325 और 326 के तहत मामला दर्ज किया गया था। इसमें पांच अन्य आरोपी भी थे, जिनकी जमानत हो चुकी है। नगर परिषद अध्यक्ष बनने के बाद सुंदरलाल प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, नगरीय शासन मंत्री भूपेंद्र सिंह, परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत, गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा और बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष बीडी शर्मा से भी मुलाकात कर चुके हैं। लेकिन पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार नहीं किया।
पथरिया थाना प्रभारी रजनी शुक्ला ने बताया, सुंदरलाल करीब 10 महीने पुराने एक मामले में फरार चल रहे थे। छह आरोपियों पर धारा-294, 323, 325 और 326 का मामला बना था। मामले में सुंदरलाल विश्वकर्मा को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर दिया गया है। इसके पहले पांच आरोपियों को जमानत मिल चुकी है।
विस्तार
दमोह जिले में पथरिया से नव निर्वाचित अध्यक्ष सुंदरलाल विश्वकर्मा बहुजन समाज पार्टी से पार्षद का चुनाव लड़ चुके हैं। जीतने के बाद कांग्रेस में शामिल होकर पथरिया नगर परिषद अध्यक्ष का चुनाव लड़ा और यहां भी जितने के बाद कुछ ही घंटों के अंदर बीजेपी की सदस्यता ले ली थी, जिससे महज कुछ ही घंटे के अंदर कांग्रेस के हाथ से अध्यक्ष की कुर्सी चली गई थी।
पुलिस के मुताबिक, पथरिया नगर परिषद के अध्यक्ष सुंदरलाल विश्वकर्मा पर 10 महीने पुराने धारा-326 के मामले में छह आरोपियों के साथ उनका भी नाम शामिल था, जिसमें से अभी तक पांच आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं, लेकिन सुंदरलाल इस मामले में फरार चल रहे थे। इसी बीच नगर पालिका परिषद के चुनाव में भी खुलेआम अपना चुनाव-प्रचार करते रहे और बहुजन समाज पार्टी के चुनाव चिन्ह पर उन्होंने पार्षद का चुनाव भी जीता। लेकिन नगर परिषद अध्यक्ष बनने के बाद वह बीजेपी में शामिल हो गए।
बता दें कि सुंदरलाल बीजेपी समर्थित अध्यक्ष के रूप में वर्तमान में कार्य कर रहे हैं। पूरे निकाय चुनाव और नगर परिषद के अध्यक्ष के चुनाव के बाद तक पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार नहीं किया। जबकि वह खुलेआम सार्वजनिक कार्यक्रमों में भी सामिल हुए। यहां तक कि स्वतंत्रता दिवस के समारोह में भी वह शामिल हुए, लेकिन बुधवार को अचानक पथरिया पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया।